vivratidarpan.com – दुनिया में भारत ही एक मात्र देश है जिसकी राष्ट्र भाषा नहीं है। हिंदी राष्ट्र भाषा अभियान में हम मिलकर काम करें। हम सभी भाषाओं का एक समान सम्मान करते हैं। सभी भाषाओं से हमें ज्ञान मिलता है। हर राष्ट्र की राष्ट्रभाषा है पर विडंबना है कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश भारत की राष्ट्रभाषा नहीं है। जबकि दुनिया मे अनेक देश है जहां कई भाषाएं हैं और उनकी एक भाषा राष्ट्रभाषा है।
प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा हिंदी को राष्ट्रभाषा बनाने हेतु अभियान चला रही है।
प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा दिनांक 27.09.2026 को प्रातः 11.00 बजे मथुरा में हिंदी सम्मेलन आयोजित कर रही है। हिंदी सम्मेलन में हिंदी पर विचार मंथन, कवि सम्मेलन व सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा।
हम समस्त कवियों कवयित्रियों साहित्य मनीषियों पत्रकारों व बुद्धिजीवियों से अनुरोध करते हैं कि सभी हमारे इस अभियान से जुड़े और राष्ट्रभाषा अभियान को मजबूत बनाने में सहयोग प्रदान करें। आपका सहयोग हमारा संबल है राष्ट्रभाषा अभियान में एक कदम हमारे साथ चले।
कार्यक्रम स्थल- मंदिर श्री जी द्वारकाधीश प्रभु श्री जी बाबा आश्रम, भूतेश्वर मथुरा उत्तर प्रदेश , कार्यक्रम स्थल पर ही ठहरने की भी व्यवस्था की गई है।
हिंदी को सम्मान मिले …..यही कामना है।
– कवि संगम त्रिपाठी , संस्थापक प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा , जबलपुर मध्यप्रदेश, संपर्क – 9407854907
