आकर्षित करता सदा,मांँ लक्ष्मी का रूप। जिस पर करती है कृपा, महिमा दिव्य अनूप। खुशियांँ मिले अपार है,गेह बने हैं स्वर्ग, विचलित वह होता नहीं, छांँव रहे या धूप।। कृपा…
आकर्षित करता सदा,मांँ लक्ष्मी का रूप। जिस पर करती है कृपा, महिमा दिव्य अनूप। खुशियांँ मिले अपार है,गेह बने हैं स्वर्ग, विचलित वह होता नहीं, छांँव रहे या धूप।। कृपा…