गीत – श्याम कुंवर भारती

जमाने में हर तरफ तेरा ही नजारा है। मै खुश हूं तुझको दिल में संवारा है। कभी छोड़ेंगे न तेरा साथ वादा हमारा है।   फिंजा में तेरी खुशबू महकी…

गृहायुद्ध (पुस्तक चर्चा) –  विवेक रंजन श्रीवास्तव

vivratidarpan.com – यह उपन्यास समकालीन भारतीय नौकरशाही और सरकारी आवास-व्यवस्था की जटिल दुनिया का उसे समझकर भीतर से किया गया सूक्ष्म चित्रण है। लेखक स्वयं प्रशासनिक सेवा से जुड़े रहे हैं,…

ज़िन्दगी के मायने – सुनील गुप्ता

ज़िन्दगी के मायने क्या हैं ये हम जानें  ! चलें स्वयं को पहचानते…, मकसद जीवन का तलाशें !!1!!   होते बड़े सयाने समय संग बढ़ना सीखें ! तमाम अपनी गलतियों…

अधूरा पिता – सविता सिंह

आये जो तुम महक उठा ये आंगन, फूल  ही  फूल भर  गए थे प्रांगण।   रौशन हो गई जिंदगी इस चिराग से, समीर भी चूमे उसे तो प्यार  से।  …

गृहायुद्ध (पुस्तक चर्चा)  – विवेक रंजन श्रीवास्तव 

vivratidarpan.com – यह उपन्यास समकालीन भारतीय नौकरशाही और सरकारी आवास-व्यवस्था की जटिल दुनिया का उसे समझकर भीतर से किया गया सूक्ष्म चित्रण है। लेखक स्वयं प्रशासनिक सेवा से जुड़े रहे हैं,…

धर्म ध्वजा – सुधीर श्रीवास्तव

पच्चीस नवंबर दो हजार पच्चीस का दिन जब अयोध्याधाम में जन-जन के राम प्रभु श्रीराम के भव्य-दिव्य मंदिर के शिखर पर धर्म ध्वजा पूरी गरिमा से फहराया गया, उस पल…

बच्चों की स्मार्ट क्लास – डॉ. सत्यवान सौरभ

  स्क्रीन पर चलती क्लास हमारी, टीचर पढ़ाएं बातें प्यारी। वीडियो देख-देख कर सीखें, नया ज्ञान सब साथ में बाँटें।   माउस से क्लिक, की-बोर्ड से टाइप, पढ़ाई में करें…

टूटे हुए पत्थर – रश्मि मृदुलिका

टूटे हुए पत्थर समझ कर, जिन्हें उपेक्षा से तुमने फेंक दिया था, वो मेरे भावों के मनके थे, तुम नौसिखिये जौहरी की तरह, आत्ममुग्धता में मग्न थे, तुम्हें लगा तुम…

आंसुओं का गीत – प्रियंका सौरभ

  जब हर दर्द से टकराकर, मन की दीवारें दरकने लगें, और उम्मीदों की चादर, चुपचाप सरकने लगे।   जब हँसी की परतें, ग़म के नीचे दब जाएं, और खामोशी…

ग़ज़ल – रीता गुलाटी

काश औलाद शान हो जाए। घर सभी बागबान हो जाए।   आज खुशियां मिली बहाने से। आपको प्यार जान हो जाए।   प्यार बेटी को तुम सदा करना। घर मे…