जीवन्ती’ देवभूमि साहित्यिक एवं सामाजिक संस्था ने आयोजित की संगीत की एक शाम 

  vivratidarpan.com देहरादून – ‘जीवन्ती’ देवभूमि साहित्यिक एवं सामाजिक संस्था के तत्वावधान में “संगीत की एक शाम सखियों के नाम” नामक विशेष साहित्यिक सांस्कृतिक संध्या का आयोजन इंजीनियर्स एन्क्लेव, जी.एम.एस.…

भोजपुरी ठुमरी गीत – श्याम कुंवर भारती

  तरसन लागी नजरिया झर झर के। आइल सावन अइले ना सवरियां रे। तरसन लागी नजरिया………।   झूलेली कन्हईया संग राधिका जी झूलना। पहिनी चूड़िया हरियर चुनरिया रे। तरसन लागी…

गणेशा मेरे – ज्योति श्रीवास्तव

  पधारों  द्वारे  गणेशा   मेरे, पुकारू  तुझे दिल से देवा मेरे।   करू आरती  देव  दीपक जला, गजानन तुम्ही विघ्नहर्ता मेरे।   पिरोती हूं फूलों की माला को जब, गली…

डॉ पूर्णिमा पाण्डेय द्वारा रचित “बाल वाटिका” उद्देश्य पूर्वक – विश्वनाथ पाण्डेय 

  vivratidarpan.com – बाल साहित्य किसी भी समाज की सांस्कृतिक धरोहर और भविष्य निर्माण का आधार होता है। बालकों के कोमल मन को सुंदरता, सरलता और भावनाओं की भाषा में…

आराधिका साहित्यिक मंच की 47 वीं काव्य गोष्ठी संपन्न

vivratidarpan.com सुधीर श्रीवास्तव-   आराधिका साहित्यिक मंच (पंजी.) के तत्वावधान में 27 अगस्त’ 2025 को 47 वीं भव्य आभासी काव्य गोष्ठी मंच की सलाहकार डा. अनीता बाजपाई के जन्मदिवस के उपलक्ष्य…

हरियाली तीज – सुनील गुप्ता

( 1 ) शिव पार्वती शुभ मिलन पर्व, पावन व्रत !! ( 2 ) सुख सौभाग्य हर्षाए हरियाली, झूमें है चित्त !! ( 3 ) सुखी दीर्घायु पति स्वास्थ्य कामना,…

मेरी कलम से – रुचि मित्तल

  तसव्वुर में तुम्हारे रात भर सोयी नहीं हूँ मैं , बताओ तुम भी जागे हो कभी मेरे ख्यालों में। <> दोस्तों  का  साथ  हो तो कोई मुश्किल कुछ नहीं,…

स्वप्न – किरण दास

  अश्रु सजे नेत्र पर, टूटे गीत अधर पर। मिट गया नाम वहीं, जो लिखा था नेत्र पर।।   और मैं वहीं बैठी रेत समेटती रही । हाय नींद खुल…

खुशियों का झरना – डॉ. सत्यवान सौरभ

  खुशियों का झरना बहता, नन्हे बच्चों का संग। हँसी के मोती चमकते, हर दिल में उमंग।   खेल-खेल में बीते दिन, सपनों का रंग बिखेरे। दोस्ती की मिठास हो,…

आंसुओं का गीत – प्रियंका सौरभ

  जब हर दर्द से टकराकर, मन की दीवारें दरकने लगें, और उम्मीदों की चादर, चुपचाप सरकने लगे।   जब हँसी की परतें, ग़म के नीचे दब जाएं, और खामोशी…