पत्रकार कौन है और प्रचारक कौन? – डॉ. प्रियंका सौरभ

vivratidarpan.com – आज के दौर में यह पहचानना पहले से कहीं अधिक कठिन होता जा रहा है कि पत्रकार कौन है और प्रचारक कौन। समाचार माध्यमों की संख्या बढ़ी है,…

पाँच दिन के सप्ताह के लिए पांच दिन बैंक बंद – डॉ. शैलेश शुक्ला

vivratidarpan.com – देश के सरकारी बैंकों में 26 से 30 सितंबर तक लगातार पाँच दिन शाखा सेवाएँ प्रभावित रहने की स्थिति बन रही है। 26 सितंबर को चौथा शनिवार है,…

कुलपति चयन: विद्वता का सम्मान या जुगाड़ का पुरस्कार? – डॉ. सुधाकर आशावादी

vivratidarpan.com देश में उच्च शिक्षा के नाम पर अनेक राजकीय और निजी विश्वविद्यालय स्थापित हैं। मंडल स्तर पर स्थापित राजकीय विश्वविद्यालयों में कुलपति का मनोनयन सम्बंधित प्रदेशों के राज्यपाल द्वारा…

अश्रुधारा -आचार्य अवधेश झा

काठ काठ से आग जला दो बाबू जी ! सावन की बरसात भगा दो बाबू जी!! बचपन भर कोड़े कांधे पे रखते थे बाबू जी मेरे कभी न थकते थे…

थाना देवबंद पुलिस द्वारा 01 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार, कब्जे से 01 देशी तमंचा पोना 315 बोर बरामद

vivratidarpan.com देवबंद — वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, सहारनपुर के निर्देशन में अवैध शस्त्र की बिक्री/तस्करी की रोकथाम हेतु जनपदीय पुलिस द्वारा लगातार चैकिंग अभियान चलाया जा रहा है। जिसके अनुपालन में पुलिस…

पूर्णिका (दुनियादारी) – श्याम कुंवर भारती

कौन कहता है जो गिरता है वो फिर संभलता नहीं है। ऐसा देखा  है गेंद गिरे जमीन पर और उछलता नहीं है।   आसमान में उड़ो मगर पाव जमीन पर…

सशक्त हस्ताक्षर की 52 वीं काव्य गोष्ठी संपन्न

vivratidarpan.com  जबलपुर – सशक्त हस्ताक्षर की 52 वीं काव्य गोष्ठी पी एम श्री महाकौशल महाविद्यालय जबलपुर में बड़े हर्ष के साथ दिनांक 19.09.2026 को सम्पन्न हुई । सर्वप्रथम संस्थापक गणेश…

झारखंड में करम पर्व का महत्व – डॉ अनमोल कुमार

vivratidarpan.com – करम पर्व झारखंड का सबसे बड़ा लोकपर्व है, खासकर आदिवासी समाज का। ये भादो महीने की शुक्ल पक्ष एकादशी को मनाया जाता है। महत्व क्या है? – प्रकृति…

पूर्व मेयर गौरव गोयल ने छात्र-छात्राओं को पाठ्य सामग्री वितरित की

vivratidarpan.com रुड़की — पूर्व मेयर गौरव गोयल ने गणेशपुर स्थित कन्या पाठशाला माध्यमिक विद्यालय की छात्र-छात्राओं को पाठ्य सामग्री वितरित की तथा हाई स्कूल एवं इंटरमीडिएट की टॉपर्स छात्राओं का…

​ श्रीकृष्ण प्राकट्योत्सव – कर्नल प्रवीण त्रिपाठी

कृष्ण बसे जब से मन में तब से दिल को कुछ और न भाता। गोपन गोपिन भाँति बसी छवि चित्त वहीं नित दौड़ लगाता। नैन निहार रहे दिन रात अदृश्य…