मैं समझाना चाहता हूँ  – गुरुदीन वर्मा

  मैं लोगों को समझाना चाहता हूँ, कि हमारे मन-मष्तिष्क, और हाथों से ऐसा न हो, कि जिसको सुधारने में, लग जाये करोड़ों वर्ष।   मैं लोगों को समझाना चाहता…

ग़ज़ल – रीता गुलाटी

  दिल मे तिरछा सा बस गया कैसे, मन मे कान्हा समा गया कैसे।   आरजू दिल की तू जता कैसे, पालूं दर्शन तेरे बता कैसे।   रात दिन सोचती…

राष्ट्रीय कवि संगम उत्तराखंड इस बार भी “दस्तक नई पीढ़ी की” एवं “काव्य पदार्पण” का आयोजन दिसम्बर में

vivratidarpan.com देहरादन – हर वर्ष की भाँति राष्ट्रीय कवि संगम उत्तराखंड इस बार भी “दस्तक नई पीढ़ी की” एवं “काव्य पदार्पण” का आयोजन आयोजित करने जा रहा है। जिसके प्रतिभागियों…

थराली आपदा : राहत एवं बचाव कार्यों में स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, मुख्यमंत्री धामी ने दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश

थराली में आई आपदा के बाद प्रदेश सरकार ने राहत एवं बचाव कार्यों को तेज करते हुए स्वास्थ्य सेवाओं को पूर्ण अलर्ट पर रखा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने…

डॉ सोमनाथ शुक्ल मां भारती सेवा सम्मान से हुए सम्मानित

vivratidarpan.com जबलपुर – डॉ सोमनाथ शुक्ल प्रयागराज हिंदी प्रचारक / कवि को संगम अकादमी पब्लिकेशन कोटा राजस्थान ने मां भारती सेवा सम्मान 2025 से सम्मानित किया है। कवि संगम त्रिपाठी ने…

छंद – जसवीर सिंह हलधर

  द्वापर की तोड़ फोड़ ,देख कंस की मरोड़ , देवकी की कोख में पधारे गिरधारी जी ।   भाद्र मांस काली रात , अष्ठमी तिथि की बात , जगती…

आत्मोन्नति और जीवन-जागरण का महापर्व – विजय संस्कार

vivratidaroan.com – जैन धर्म में पर्यूषण महापर्व का अपना विशेष महत्व है। यह केवल कोई धार्मिक अनुष्ठान भर नहीं, बल्कि आत्मा की गहराइयों में उतरने, आत्म-मंथन और आत्म-शुद्धि का अनोखा पर्व…

मुख्यमंत्री धामी ने सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी से शिष्टाचार भेंट की

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने आज नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने उत्तरकाशी जनपद के…

बूढ़ा हुआ संसार? ~ प्रियंका सौरभ

  **रजत के धागों से बुनी समय की श्वेत चादर, प्रशांत नभ की मौन गाथा, अतीत की बिखरी मुस्कान।   सांसों की तूलिका से, अमिट रेखाएं खींचता समय, पलकों पर…

अंगीकार- सविता सिंह

  चोरी-चोरी सबसे छिपकर, कहते नैन तुम्हारे अक्सर, जितना उनको समझ सके हम, क्या तुम इतना प्यार करोगे? बार-बार हर बार करोगे? क्या मुझको स्वीकार करोगे?? हमें नहीं चालाकी आती,…