मुस्काती हुई किरण – ज्योत्स्ना जोशी

जब घनी यामिनी से छंटकर मुस्काती हुई वो किरण आयेगी, तब रिसता हुआ अंजुली का पानी नव अंकुर पुनः रोपेगा प्यासी मरू की धरा छटपटाकर मनमाने मेघ को ताके, विवश…

ग़ज़ल – रीता गुलाटी

लिखें प्यार के खत हमें भी बता दें, लिखी शायरी हो वही गुनगुना दें। नही अब किसी को कभी भी दगा दें, मिटाकर दरारें खुशी को बढ़ा दें। मिले जिंदगी…

कक्षा छठवीं में द्वितीय स्थान प्राप्त किया मोहित कुमार यादव

Vivratidarpan.com मुंगेली। एस.एल.एस. एकेडमिक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मुंगेली के द्वारा दिनाँक 24 अप्रैल 2025 को परीक्षा परिणाम घोषित किया गया। इस विद्यालय के होनहार छात्र मोहित कुमार यादव पिता श्री…

कार्यपालिका एवं न्यायपालिका में टकराव का जिम्मेदार कौन? – शिवशरण त्रिपाठी

Vivratidarpan.com – भारत का लोकतंत्र तीन स्तम्भों विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका पर टिका है। संविधान में तीनों स्तम्भों के अधिकारों, कर्तव्यों की व्याख्या के साथ लक्ष्मण रेखा भी खींची गई…

जबलपुर में रामायण केंद्र की स्थापना

Vivratidarpan.com जबलपुर – डॉक्टर राजेश श्रीवास्तव निदेशक,  रामायण केंद्र भोपाल के सफल निर्देशन एवं मार्गदर्शन में सनातन धर्म के प्राण स्वरूप महान धार्मिक ग्रंथ श्री रामचरितमानस एवं वाल्मीकि रामायण के…

ग़ज़ल – विनोद निराश

  भेद जुबां के मैं खोल न पाया, दिल की बात मैं बोल न पाया।   सब कुछ किया उल्फत में तेरी, मन तेरा कभी टटोल न पाया।   कभी…

अनुगीतिका – मधु शुक्ला

  रूप पुस्तक के कई उपलब्ध हैं संसार में, वृद्धि इनसे लोग करते ज्ञान के भंडार में।   लोग पढ़ते पुस्तकों को प्राय रुचि अनुरूप ही, ये सखा बन साथ…

पहलगाम के आँसू – डॉ सत्यवान सौरभ

वो बर्फ से ढकी चट्टानों की गोद में, जहाँ हवा भी गुनगुनाती थी, जहाँ नदियाँ लोरी सुनाती थीं, आज बारूद की गंध बसी है।   वो हँसी जो बाइसारन की…

पृथ्वी दिवस – सुनील गुप्ता

( 1 ) धरा हमारी है स्वर्ग सी सुंदर, इसे सहेजें !!   ( 2 ) माता धरती पुत्र हम इसके, स्नेह दिखाएं  !!   ( 3 ) श्रृंगार करें…

पहलगाम हमला: राजनीति नहीं अब रणनीति तय करने की आवश्यकता – संदीप सृजन

Vivratidarpan.com पहलगाम – पहलगाम की बैसरन घाटी, जिसे ‘मिनी स्विट्जरलैंड’ के नाम से जाना जाता है, एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल है। यहॉं हुए हमले की टाइमिंग कई मायनों में महत्वपूर्ण…